Lal Krishna Advani एक प्रेरक जीवन

By ADARSH UMRAO

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Lal Krishna Advani एक प्रेरक जीवन

Lal Krishna Advani, जिन्हें प्यार से “आडवाणी जी” कहा जाता है, भारतीय राजनीति के एक स्तंभ हैं। 8 नवंबर 1927 को कराची (अब पाकिस्तान) में जन्मे, उन्होंने 1942 में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के स्वयंसेवक के रूप में अपना राजनीतिक जीवन शुरू किया। Lal Krishna Advani जी ने भारत के स्वतंत्रता संग्राम में भाग लिया और 1947 में भारत विभाजन के बाद दिल्ली चले गए।
Lal Krishna Advani एक प्रेरक जीवन

Lal Krishna Advani राजनीतिक सफर:

  • 1951 में, वे भारतीय जनसंघ (BJS) के सदस्य बने।
  • 1970 में, वे BJS के अध्यक्ष बने।
  • 1977 में, वे जनता पार्टी के महासचिव बने।
  • 1980 में, वे BJP के संस्थापक सदस्यों में से एक थे।
  • 1986 में, वे BJP के अध्यक्ष बने।
  • 1990 में, वे राम जन्मभूमि आंदोलन के नेता बने।
  • 1998-2004 तक, वे भारत के उप-प्रधानमंत्री रहे।
  • 2002-2004 तक, वे गृह मंत्री रहे।

Lal Krishna Advani उपलब्धियां:

  • 1990 में, उन्होंने सोमनाथ मंदिर का जीर्णोद्धार करवाया।
  • 1992 में, उन्होंने बाबरी मस्जिद विध्वंस का नेतृत्व किया।
  • 1998 में, उन्होंने भारत को परमाणु शक्ति संपन्न राष्ट्र बनाया।
  • 2002 में, उन्होंने गुजरात दंगों के बाद शांति स्थापित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

Lal Krishna Advani पुरस्कार और सम्मान:

  • 2002 में, उन्हें पद्म विभूषण से सम्मानित किया गया।
  • 2015 में, उन्हें पद्म भूषण से सम्मानित किया गया।
  • 2023 में, उन्हें भारत रत्न से सम्मानित किया गया।

Lal Krishna Advani जी:

  • एक प्रखर वक्ता और कुशल रणनीतिकार हैं।
  • एक दूरदर्शी नेता हैं जिन्होंने भारत के राजनीतिक परिदृश्य को बदलने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।
  • एक प्रेरक व्यक्ति हैं जिन्होंने लाखों लोगों को प्रेरित किया है।

Lal Krishna Advani एक महान राजनेता और एक प्रेरक व्यक्ति हैं। उनका जीवन संघर्ष, त्याग और उपलब्धियों से भरा हुआ है। वे आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा का स्रोत हैं।

Lal Krishna Advani राजनैतिक जीवन:

Lal Krishna Advani जी ने 1951 में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) से जुड़कर अपना राजनीतिक जीवन शुरू किया। वे आरएसएस के प्रचारक बने और संगठन के विभिन्न पदों पर कार्यरत रहे।

1970 में, वे भारतीय जनसंघ (भाजपा का पूर्ववर्ती) के सदस्य बने। 1980 में, वे भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष बने और 1990 तक इस पद पर रहे। उनके नेतृत्व में, भाजपा एक राष्ट्रीय स्तर की पार्टी बन गई।

1998 में, भाजपा ने गठबंधन सरकार बनाई और Lal Krishna Advani उप-प्रधानमंत्री बने। उन्होंने गृह मंत्री के रूप में भी कार्य किया। उनके कार्यकाल में, भारत ने कारगिल युद्ध जीता और कई महत्वपूर्ण सामाजिक-आर्थिक सुधार किए गए।

Lal Krishna Advani भारतीय राजनीति के स्तंभ की कहानी

Lal Krishna Advani का राम मंदिर में योगदान

लालकृष्ण आडवाणी, जिन्हें अक्सर “आधुनिक राम मंदिर आंदोलन का जनक” कहा जाता है, राम मंदिर के निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते रहे हैं।

उनके योगदानों में शामिल हैं:

  • 1990 में सोमनाथ से अयोध्या तक रथ यात्रा: Lal Krishna Advani ने राम मंदिर आंदोलन को गति देने के लिए सोमनाथ से अयोध्या तक रथ यात्रा निकाली। यह यात्रा पूरे देश में भारी जनसमर्थन प्राप्त करने में सफल रही और राम मंदिर के मुद्दे को राष्ट्रीय स्तर पर लाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
  • विश्व हिंदू परिषद (विहिप) के नेतृत्व में राम मंदिर आंदोलन का नेतृत्व: Lal Krishna Advani, विहिप के अध्यक्ष होने के नाते, राम मंदिर आंदोलन का नेतृत्व करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते रहे। उन्होंने आंदोलन के लिए रणनीति तैयार करने और उसे आगे बढ़ाने में महत्वपूर्ण योगदान दिया।
  • राम जन्मभूमि आंदोलन के समर्थन में राजनीतिक रणनीति: Lal Krishna Advani ने भाजपा को राम मंदिर आंदोलन के समर्थन में खड़ा करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। उन्होंने राम मंदिर को भाजपा के चुनावी घोषणापत्र में शामिल करने और पार्टी को राम मंदिर के मुद्दे पर एकजुट करने में महत्वपूर्ण योगदान दिया।
  • राम मंदिर के लिए कानूनी लड़ाई: Lal Krishna Advani ने राम मंदिर के लिए कानूनी लड़ाई में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। उन्होंने राम जन्मभूमि के स्वामित्व के लिए अदालत में मुकदमा दायर करने और उसे आगे बढ़ाने में महत्वपूर्ण योगदान दिया।

Lal Krishna Advani के योगदानों के परिणामस्वरूप:

Lal Krishna Advani एक प्रेरक जीवन

  • राम मंदिर आंदोलन एक राष्ट्रीय आंदोलन बन गया।
  • राम मंदिर का मुद्दा भारतीय राजनीति में एक महत्वपूर्ण मुद्दा बन गया।
  • 2020 में राम मंदिर का निर्माण शुरू हुआ।

Lal Krishna Advani के योगदानों को लेकर कुछ विवाद भी रहे हैं:

  • कुछ लोगों का मानना ​​है कि Lal Krishna Advani ने राम मंदिर आंदोलन का इस्तेमाल राजनीतिक लाभ के लिए किया।
  • कुछ लोगों का मानना ​​है कि Lal Krishna Advani ने राम मंदिर आंदोलन के दौरान सांप्रदायिक भावनाओं को भड़काने का काम किया।

लेकिन, इसमें कोई शक नहीं है कि लालकृष्ण आडवाणी राम मंदिर के निर्माण में एक महत्वपूर्ण व्यक्ति रहे हैं।

अधिक जानकारी के लिए:

धन्यवाद!

ADARSH UMRAO

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