दूसरों से एक कदम आगे रहना है तो आचार्य चाणक्य की यह छह बातें याद रखें  

ज्ञान ही शक्ति है। सदैव ज्ञान प्राप्त करते रहिए, चाहे वह शिक्षा से हो, अनुभव से हो या दूसरों से। 

ज्ञान के साथ कर्म भी आवश्यक है। कर्मठता से ही आप अपने लक्ष्य को प्राप्त कर सकते हैं। 

धैर्य सफलता की कुंजी है। रास्ते में आने वाली बाधाओं से घबराएं नहीं, धैर्य से काम लें। 

डर सफलता का सबसे बड़ा दुश्मन है। साहस के साथ आगे बढ़ें और चुनौतियों का सामना करें। 

बिना सोचे-समझे कोई भी कार्य न करें। विचारशीलता से कार्य करने से आपको गलतियों से बचने में मदद मिलेगी। 

सकारात्मक सोच रखें। नकारात्मक विचारों को अपने ऊपर हावी न होने दें।